नालंदा जिला के जिला परिषद सभागार में शुक्रवार को एक सामान्य बैठक का आयोजन किया गया जिसमें मुख्य रुप से ज़िला परिषद अध्यक्षा पिंकी कुमारी उपाध्यक्ष एडीएम समेत कई गणमान्य लोगों ने शिरकत की। वहीं इस बैठक के दौरान जिले में चल रहे विकास कार्यों का फीडबैक भी जिला परिषद प्रतिनिधियों से ली गई एवं सरकार के द्वारा कई कल्याणकारी योजनाओं के बारे में सभी को जानकारी भी दी गई। वही इस समान्य बैठक के दौरान सबसे बड़ा मुद्दा चापाकल से जुड़े सभी जिला परिषद सदस्यों का रहा। वही सब बैठक के दौरान इस्लामपुर पूर्वी जिला परिषद सदस्य तनुजा कुमारी ने अपने इलाके की समस्याओं को लेकर आक्रोशित दिखे। उन्होंने जिला परिषद के ऊपर भेदभाव करने का भी आरोप लगाया
उन्होंने कहा कि अभी तक षष्टम वित्त मे क्या होगा क्या नहीं होगा अभी तक इसका पता भी नहीं है। जिला परिषद सदस्य तनुजा कुमारी ने कहा कि इसके पूर्व सभी जिला परिषद सदस्यों को दस दस चापाकल अपने-अपने इलाके में देने की बात कही गई। जिसके लिए एनओसी तक लिया गया। एनओसी लेने के बाद अब चापाकल की योजना नहीं देने की बात कही जा रही है। ऐसी सूरत में जनता के बीच इस समस्या का समाधान कैसे किया जाएगा। इसमें कहीं ना कहीं जिला परिषद की घोर लापरवाही सामने दिख रही है। जिप सदस्य तनुजा कुमारी ने कहा हमारे साथ भी लगातार भेदभाव किया जा रहा है तभी तो इस सामान की बैठक की सूचना हमको नहीं दी गई। इस्लामपुर से जो भी समस्याओं से जुड़े शिकायत जिला परिषद में आता है उस फाइल को ही विभाग के द्वारा गायब कर दिया जाता है।
हैलो कृषि ऑनलाइन: प्याज एक ऐसी सब्जी है जो गर्मी हो या सर्दी हर मौसम में खाई जाती है। इसलिए इसकी डिमांड साल भर बाजार में बनी रहती है। इससे देश में सबसे अधिक सब्जी (प्याज की खेती) उत्पादक खेतकरी इसकी खेती करते हैं। प्याज की खेती किसी भी मौसम में की जा सकती है। लेकिन इसकी खेती के लिए रबी का मौसम सबसे उपयुक्त माना जाता है। अभी रबी सीजन चल रहा है ऐसे में प्याज की खेती किसानों के लिए एक अच्छा विकल्प हो सकता है। इसीलिए इस लेख में हम आपको प्याज की पांच उन्नत किस्मों के बारे में बताने जा रहे हैं, जिनकी खेती कर किसान अच्छी पैदावार ले सकते हैं।
जल्दी ग्रैनो
ग्रेनो प्याज की अगेती बुवाई से किसान प्रति हेक्टेयर 500 क्विंटल तक उपज प्राप्त कर सकते हैं। इसकी फसल 115 से 120 दिन पकने के बाद तैयार हो जाती है। इस किस्म के प्याज का रंग हल्का पीला होता है, इसलिए इसे अक्सर सलाद के रूप में इस्तेमाल किया जाता है।
पूसा रत्नार
इस किस्म की बुआई कर किसान प्रति हेक्टेयर 400 से 500 क्विंटल तक उपज प्राप्त कर सकते हैं। इस किस्म की फसल 125 दिनों में बाजार में बिक्री के लिए तैयार हो जाती है। इस किस्म के प्याज का रंग गहरा लाल होता है।
हिसार-2
इस किस्म का प्याज लगाने के 175 दिन बाद (प्याज की खेती) तैयार हो जाता है। इस किस्म की बुआई कर किसान प्रति हेक्टेयर 300 क्विंटल तक प्राप्त कर सकते हैं। इसका रंग गहरा लाल और भूरा होता है। साथ ही इसका स्वाद तीखा नहीं होता है। ऐसे में प्याज सलाद में इस्तेमाल के लिए अच्छा होता है।
पूसा लाल
इस किस्म के लाल प्याज से प्रति हेक्टेयर 200 से 300 क्विंटल प्राप्त किया जा सकता है। यह 120-125 दिन में पककर बाजार में बिकने के लिए तैयार हो जाती है।
पूसा सफेद
प्याज की इस किस्म की फसल बोने के 125 से 130 दिन (प्याज की खेती) में पक जाती है। वहीं, उत्पादन 350 क्विंटल प्रति हेक्टेयर तक हो सकता है। इसकी सबसे खास बात यह है कि इस किस्म का प्याज चमकदार दिखता है। जी हां, यह वही सफेद प्याज है जो हम अक्सर बाजार में देखते हैं। सफेद प्याज खाना सेहत के लिए फायदेमंद माना जाता है।
टैग: प्याज की खेती मराठी रब्बी प्याज की खेती में प्याज की खेती
राजगीर (नालंदा दर्पण)। नव नालंदा महाविहार के मुख्य द्वार पर बढ़ती ठंड के बिना प्रभाव किए हुए दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों के द्वारा धरना पर बैठे कर्मियों के समर्थन में उतरे असंगठित कामगार एवं कर्मचारी कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष डॉ अमित कुमार पासवान ने धरना को संबोधित करते हुए कहा कि नव नालंदा महाविहार के दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों के द्वारा महाविहार के कार्यालय आदेश 1624/ 2022 दिनांक: 28 /10/ 2022 को निरस्त करने, पूर्व की तरह सभी 25 संविदा कर्मियों को यथावत रूप से काम करने, पीएफ, बीमा आदि का सुविधा प्रदान करने, पहचान पत्र निर्गत करने, आउट सोर्स पर रोक लगाने, स्थायीकरण करने आदि विभिन्न मांगों को लेकर बीते एक नवंबर से धरना पर बैठे हैं।
उधर महाविहार के दैनिक वेतन भोगी कर्मियों को महाविहार प्रशासन के द्वारा 18 दिन बीत जाने के बाद भी कोई सुध नहीं लेने से आक्रोशित कर्मियों ने 19 नवंबर से भूख हड़ताल करने का ऐलान किया है। जिसे देख नव नालंदा महाविहार के कुलपति प्रोफेसर वैद्यनाथ लाभ ने प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी 20 नवंबर को आयोजित होने वाले स्थापना दिवस समारोह को स्थगित करने की घोषणा की है जो काफी निंदनीय व दुर्भाग्यपूर्ण है। कर्मियों का आंदोलन तेज होने से घबराए कुलपति के द्वारा कार्यक्रम स्थगित करना , मांगों को पूरा नहीं करना यह एक भ्रष्टाचारी अहंकारी व कायरता का परिचायक है।
डॉ पासवान ने महाविहार के कुलपति को चेतावनी देते हुए कहा है कि महाविहार में आयोजित कार्यक्रम को एक साजिश के तहत स्थगित की गई कार्यक्रम को महाविहार के अलावा अन्य जगहों पर कार्यक्रम करने का प्रयास किया गया। तो वैसे स्थिति में मांगे पूरी नहीं होने तक गरीब, दलित, पिछड़ा, शोषित, पीड़ित कर्मियों को न्याय दिलाने को लेकर असंगठित कामगार एवं कर्मचारी कांग्रेस, भीम आर्मी, नालंदा फुटपाथ दुकानदार अधिकार मंच, भाकपा माले, जन कल्याण मंच, राकंपा के अलावे दर्जनों संगठनों के द्वारा वहां भी विशाल प्रदर्शन प्रदर्शन कर कर्मियों के साथ न्याय की मांग करेंगे।
वही धरना पर बैठे कर्मी प्रतिभा कुमारी ने बताया कि हमलोगों की लड़ाई अहिंसात्मक तरीके से की जा रही है और हमें पूरा विश्वास है कि अहिंसा के बल पर अपनी जायज मांगों को लेकर रहेंगे। और पूर्व से निर्धारित 19 नवंबर से भूख हड़ताल पर सभी कर्मी जाएंगे, मांगे पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगी।
उन्होंने कहा कि अनशन के दौरान बैठे कर्मियों के साथ किसी भी तरह के अप्रिय घटना होती है तो इसकी सारी जवाबदेही महाविहार प्रशासन, संस्कृति मंत्रालय भारत सरकार व जिला प्रशासन नालंदा की होगी।
“नालंदा जिला में उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए उद्योग विभाग के माध्यम से अनेक योजनाओं का क्रियान्वयन किया जा रहा है। बैंकों द्वारा त्वरित सहयोग में कमी के कारण योजना के लाभार्थियों के उद्यम को फलीभूत होने में अनावश्यक विलंब का सामना करना पड़ता है। विभिन्न योजनाओं के तहत उद्यम स्थापना के लिए अधिक से अधिक आवेदन सृजित हो तथा आवेदकों को समय से बैंकों के माध्यम से वित्त पोषण की सुविधा मिले….
बिहार शरीफ (नालंदा दर्पण)। इसी उद्देश्य से निदेशक उद्योग पंकज दीक्षित ने हरदेव भवन सभागार में संबंधित पदाधिकारियों, बैंक प्रतिनिधियों एवं विभिन्न योजना के लाभुको/ संभावित आवेदकों के साथ बैठक किया।
बैठक में बिचाली व्यवसाय से जुड़े/व्यवसाय के इच्छुक व्यवसायियों, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम , प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना सहित अन्य योजनाओं के तहत बैंकों के माध्यम से वित्त पोषण के अद्यतन स्थिति की समीक्षा की गई।
बिचाली व्यवसाय से जुड़े 120 आवेदनों में से अभी तक बैंकों द्वारा 37 आवेदन स्वीकृत किए गए हैं तथा 29 आवेदन अस्वीकृत किया गया। अभी भी बैंक के पास 54 आवेदन स्वीकृति की प्रक्रिया हेतु लंबित हैं।
पंजाब नेशनल बैंक के पास 21 तथा भारतीय स्टेट बैंक के पास 21 सर्वाधिक आवेदन लंबित हैं। इन आवेदनों का निष्पादन शुक्रवार तक सुनिश्चित करने का निर्देश संबंधित बैंक के प्रतिनिधियों को दिया गया। स्वीकृति प्राप्त आवेदकों को अविलंब ऋण की राशि का भुगतान करने का निदेश बैंकर्स को दिया गया।
प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के तहत बैंकों को 768 आवेदन भेजे गए जिनमें से 154 आवेदन स्वीकृत किए जा चुके हैं। विभिन्न कारणों से 515 आवेदन बैंकों द्वारा वापस किए गए हैं। वर्तमान में बैंक के पास 109 आवेदन लंबित हैं। इन सभी लंबित आवेदनों का त्वरित निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा गया।
आवेदक/लाभार्थी तथा बैंकों के बीच सहयोग एवं समन्वय के लिए विभिन्न उद्योग विस्तार पदाधिकारियों एवं श्रम प्रवर्तन पदाधिकारियों को अलग-अलग प्रखंडों के लिए जिम्मेवारी दी गई है। इन्हें आवेदन की प्रक्रिया में आवश्यक सहयोग के साथ साथ आवेदन की त्रुटियों को दूर करने हेतु कारगर कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है।
बैंकों को अपने स्तर से भी प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के तहत आवेदन सृजित करने को कहा गया। प्रत्येक बैंक शाखा को कम से कम दो आवेदकों का वित्तपोषण सुनिश्चित करने को कहा गया।
इस योजना के तहत प्राप्त आवेदनों में से सर्वाधिक आवेदन केनरा बैंक (लगभग 92%)तथा बैंक ऑफ बड़ौदा (लगभग 81%) द्वारा वापस किया गया है। संबंधित बैंक के क्षेत्रीय प्रबंधकों को बैंक की शाखावार वापस किए गए आवेदनों की समीक्षा करने का निर्देश दिया गया।
प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना के तहत मौजूदा सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण उद्यमों, एफपीओ, स्वयं सहायता समूह एवं सहकारिता द्वारा बैंक क्रेडिट के लिए पहुंच क्षमता को बढ़ाकर सूक्ष्म उद्यमों की क्षमता निर्माण करना है।
इस योजना के तहत विभिन्न बैंकों को 72 आवेदन भेजे गए हैं। भारतीय स्टेट बैंक को 17, पंजाब नेशनल बैंक को 8, दक्षिण बिहार ग्रामीण बैंक को 25 तथा बैंक ऑफ इंडिया को 6 आवेदन प्राप्त है। अन्य बैंकों के पास भी प्राप्त आवेदन लंबित हैं।
अभी तक भारतीय स्टेट बैंक द्वारा 3 आवेदकों का वित्तपोषण किया गया है। सभी बैंकों को भेजे गए आवेदनों का निष्पादन एक सप्ताह के अंदर सुनिश्चित करने को कहा गया।
मुख्यमंत्री उद्यमी योजना के तहत 470 आवेदन सृजित किए गए जिनमें से 452 को प्रथम किस्त 136 को द्वितीय किस्त तथा 5 को तृतीय किस्त की राशि उपलब्ध कराई गई है। लाभुकों को द्वितीय एवं तृतीय किस्त की राशि के भुगतान में तेजी लाने का निर्देश दिया गया।
मुख्यमंत्री सूक्ष्म एवं लघु उद्योग क्लस्टर विकास योजना के तहत कन्हैया गंज झूला क्लस्टर, सिलव में खाजा क्लस्टर तथा मोरा तालाब में फुटवेयर क्लस्टर की योजना को क्रियान्वित किया जा रहा है।
कन्हैया गंज झूला कलस्टर में सभी आवश्यक मशीनरी आ चुका है। आगामी 15 से 20 दिनों में इन मशीनों के इंस्टॉलेशन का कार्य पूरा किया जा सकेगा। उद्योग निदेशक ने 15 दिसंबर तक इस क्लस्टर को कार्यरत बनाने हेतु प्रयास करने को कहा।
मुख्यमंत्री सूक्ष्म एवं लघु उद्योग क्लस्टर के लिए 10 अन्य समूह की पहचान की गई है। जिला नवप्रवर्तन योजना के तहत भी रेडीमेड गारमेंट, बिजली के स्विच एवं बोर्ड, विभिन्न प्रकार के कृषि यंत्र आदि से संबंधित उद्यम स्थापित करने वाले लोगों को योजनाओं से लाभान्वित किया गया है। इनके उद्यम को और आगे बढ़ाने के लिए भी आवश्यक वित्तपोषण सुनिश्चित करते रहने को कहा गया।
जिला में कृषि, जीविका, पशुपालन, गव्य विकास तथा जिला उद्योग केंद्र के माध्यम से क्रियाशील उद्यमियों तथा संभावना पूर्ण उद्यमियों को अलग-अलग श्रेणियों में सूचीबद्ध किया जा रहा है। इन उद्यमियों को उद्यम स्थापित करने या उद्यम को आगे बढ़ाने के लिए बैंकों के माध्यम से आवश्यक क्रेडिट लिंकेज के लिए कार्रवाई की जाएगी।
प्रगतिशील एवं संभावना पूर्ण उद्यमियों को आवश्यक क्रेडिट लिंकेज की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए भी सभी बैंकर्स को उदारता पूर्वक आगे आने को कहा गया।
श्री दीक्षित ने बैठक में उपस्थित विभिन्न योजना के लाभार्थियों से उनके उद्यम की वर्तमान स्थिति तथा उद्यम से होने वाले आय के बारे में भी जानकारी ली। उद्यम को और आगे ले जाने के लिए उनकी आवश्यकताओं के बारे में भी जानकारी ली गई तथा संबंधित पदाधिकारी एवं बैंक को इसके लिए ससमय कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया।
बैठक में उपस्थित जीविका दीदियों से भी उनके व्यवसाय एवं आगे की आवश्यकताओं के बारे में एक-एक कर जानकारी ली गई। इस संदर्भ में निकटतम बैंक के माध्यम से उपयुक्त योजना अंतर्गत उनकी आवश्यकताओं के अनुरूप वित्तपोषण सुनिश्चित करने को कहा गया।
बैठक में जिलाधिकारी शशांक शुभंकर, उप विकास आयुक्त वैभव श्रीवास्तव, विभिन्न बैंकों के क्षेत्रीय प्रबंधक, बैंक प्रतिनिधि, जिला अग्रणी प्रबंधक, महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र, डीपीएम जीविका सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।
डेस्क : भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन यानी ISRO ने आज एक और कीर्तिमान रचते हुए देश के पहले प्राइवेट रॉकेट विक्रम- S को लॉन्च कर दिया। ISRO ने बताए समयानुसार सुबह 11:30 बजे आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा से इसे लॉन्च किया है। इस बेहतरीन मिशन का नाम प्रारंभ रखा गया है।
स्काईरूट एयरोस्पेस के को -फाउंडर पवन कुमार चंदाना ने इसे नये भारत का प्रतीक बताया वहीं ISRO ने भारत के साथ लॉन्च के दौरान सहयोग करने वाले लोगों को भी बधाई दी। प्राइवेट रॉकेट विक्रम-S को हैदराबाद की एक स्टॉर्टअप कंपनी स्काईरूट एयरोस्पेस ने तैयार किया है। पहले इसके लॉन्च की तरीख 15 नवंबर रखी गयी थी लेकिन मौसम में आये बदलाव के चलते इसे 18 नवंबर को लॉन्च किया गया।
विक्रम-S नए भारत का प्रतीक’
विक्रम-S नए भारत का प्रतीक’
ISRO ने पहले प्राइवेट रॉकेट विक्रम-S के सफल लॉन्च की जानकारी ट्विटर के जरिए साझा की है। उन्होंने कहा कि मिशन प्रारंभ सफलतापूर्वक पूरा हो गया। इस खास मौके पर स्काईरूट और भारत को हार्दिक बधाई। स्काईरूट एयरोस्पेस के को -फाउंडर पवन कुमार चंदाना ने इस पर हर्ष व्यक्त करते हुए कहा हैं कि हमने आज भारत के पहले प्राइवेट रॉकेट विक्रम-S के लॉन्च के साथ इतिहास रचा है। यह एक नए भारत का प्रतीक और उज्जवल भविष्य का प्रारंभ है।
हैलो कृषि ऑनलाइन: प्रदेश में कल से ठंडयह कहना कोई समस्या नहीं है कि चाहूल शुरू हो गया है (वेदर अपडेट)। उत्तर से आ रही ठंडी हवा के कारण राज्य में न्यूनतम तापमान गिरा है। निफाड़ में पिछले 24 घंटे में तापमान 8.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। राजस्थान के चूरू में 24 घंटे में देश के समतल भूभाग में सबसे कम 7 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया. इस बीच, आज 19 तारीख को राज्य में मौसम शुष्क रहने का अनुमान है।
मौसम की स्थिति?
अंडमान सागर में एक कम दबाव का क्षेत्र बंगाल की खाड़ी के दक्षिण-पूर्व में स्थित है। इससे सटे (Weather Update) समुद्र तल से 7.6 किमी की ऊंचाई तक चक्रवाती हवाएं चल रही हैं. तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश के तटों की ओर बढ़ते हुए, उत्तर-पश्चिमी गति प्रणाली के रविवार (20 तारीख) तक और तेज होने की संभावना है। दक्षिण-पश्चिम अरब सागर में भूमध्य रेखा के पास समुद्र तल से 1.5 किमी की ऊंचाई पर चक्रवाती स्थिति बनी हुई है।
तापमान कहाँ है? (मौसम अपडेट)
गुरुवार (17वीं) सुबह तक 24 घंटों के दौरान राज्य के विभिन्न स्थानों पर अधिकतम तापमान, न्यूनतम तापमान कोष्ठक में (डिग्री सेल्सियस में) के साथ:
बिहार शरीफ (नालंदा दर्पण)। नालंदा जिला पंचायत राज पदाधिकारी ने सभी लेखापाल सह आईटी सहायकों के साथ की वित्तीय कार्यों की समीक्षा के दौरान पाया गया कि अंकेक्षण हेतु रोस्टर वार तिथि पूर्ण होने के बावजूद कई प्रखंडों में अंकेक्षण कार्य पूर्ण नहीं किया गया है।
वित्तीय वर्ष 2020-21 में सरमेरा, कतरीसराय, सिलाव, इस्लामपुर, परबलपुर, बिहारशरीफ़, बेन, राजगीर एवं थरथरी प्रखण्ड में अंकेक्षण प्रतिशत 10 प्रतिशत से भी कम है।
इन सभी प्रखंडों के लेखापाल और पंचायत सचिव से शो कॉज़ किया गया तथा निर्देश दिया गया कि एक सप्ताह के अंदर अंकेक्षण कार्य पूर्ण नहीं होने पर सभी कर्मियों का वेतन स्थगित करते हुए विभागीय कारवाई की जाएगी।
सार्वजनिक कुओं के जीर्णोधार के संदर्भ मे प्रथम दृष्टया अभिलेखों के अवलोकन में पाया गया कि प्रपत्र 1 एवं 2 के जांच रिपोर्ट को पूर्ण रूप से संधारित किए बिना ही भुगतान किया गया है।
इसमें बिन्द, कतरीसराय, करायपरसुराय एवं चंडी प्रखण्ड के लेखापाल एवं पंचायत सचिव का वेतन तत्काल प्रभाव से स्थगित किया गया। सभी लेखपाल एवं पंचायत सचिव को निर्देश दिया गया कि एक सप्ताह के अंदर सभी अभिलेखों को दुरुस्त करें।
DPRO द्वारा बताया गया कि यदि योजनाओं में राशि के भुगतान के पूर्व यदि योजना का मापी पुस्त, मास्टर रोल, योजना के क्रियान्वयन के पूर्व एवं बाद के फोटोग्राफ, अभिश्रव इत्यादि का संधारण तथा नियमानुसार रॉयल्टी, मालिकाना फीस, श्रम सेस, जीएसटी, टीडीएस इत्यादि की कटौती सुनिश्चित नहीं की जाती है तो इसे वित्तीय अनियमितता मानते हुए सभी संबंधितों पर अग्रेतर कारवाई की जाएगी।
डीपीआरओ ने Block Account Facilitators को निर्देश दिया कि 15वीं वित आयोग की योजना के संदर्भ में ई-ग्राम स्वराज पोर्टल पर दिख रहे ऑनलाइन कैशबुक एवं बैंक पासबुक का नियमित रूप से अवलोकन करें तथा अनियमितता पाए जाने पर लिखित रूप से सूचित करें। Block Account Facilitators ऐसे सभी transactions की सूची बनाएंगे ताकि सभी संबंधितों पर कारवाई की जा सके।
समीक्षा में यह भी पाया गया कि हरनौत प्रखण्ड के पचौरा पंचायत के लेखापाल नवनीत कुमारी द्वारा 15वीं वित आयोग द्वारा टाइड मद में प्राप्त राशि को ई-ग्राम स्वराज पोर्टल पर अनटाइड मद में प्रविष्टि कर दिया गया, जिससे टाइड मद से क्रियान्वित योजनाओं के भुगतान में समस्या आ रही है। शो कॉज़ के साथ ही इनका वेतन तत्काल प्रभाव से स्थगित किया गया।
रहुई प्रखण्ड के हवनपूरा पंचायत के तत्कालीन पंचायत सचिव उपेन्द्र कुमार सिंह के विरुद्ध सार्वजनिक कुआं जीर्णोद्धार कार्य पूर्ण किए बिना राशि की अग्रिम निकासी, 14वीं वित मद से क्रियान्वित 2 योजनाओं में क्रमशः 1,22,170 एवं 4,75000 रुपए की अग्रिम निकासी के आलोक में प्रपत्र “क” गठित कर विभागीय कारवाई प्रारंभ की गई।
सिलाव प्रखण्ड के नानन्द पंचायत के पंचायत सचिव अरविन्द कुमार के विरुद्ध पंचायत सरकार भवन निर्माण में 14 लाख रुपये की अग्रिम निकासी एवं पंचायत सचिव सतीश चन्द्र सिन्हा के विरुद्ध मुख्यालय से लगातार अनुपस्थित रहने एवं किसी भी समीक्षात्मक बैठक में भाग नहीं लेने के आलोक में प्रपत्र “क” गठित कर विभागीय कारवाई प्रारंभ की जाएगी।
डीपीआरओ ने बताया कि विभागीय योजनाओं के वित्तीय प्रबंधन, अंकेक्षण एवं प्रेषित उपयोगिता प्रमाण पत्र की उपलब्धि के आधार पर ही विभाग की छवि परिलक्षित होती है, अतः इन कार्यों में नियमित रूप से अनुश्रवण करते हुए लापरवाही बरतने वाले लेखपालों एवं पंचायत सचिवों पर कारवाई की जाएगी।
साथ ही, लेखापालों एवं पंचायत सचिवों के कार्य आधारित ग्रेडिंग कर रैंकिंग की जाएगी तथा लगातार खराब प्रदर्शन करने वालों पर नियमानुसार अपेक्षित कारवाई की जाएगी।
कार्य दायित्व एवं ग्रेडिंग का प्रतिशत:
ऑडिट की पूर्णता का प्रतिशत – 30 प्रतिशत
प्रेषित उपयोगिता प्रमाण पत्र का प्रतिशत – 30 प्रतिशत
ई-ग्राम स्वराज के माध्यम से भुगतान के संदर्भ में तकनीकी सहयोग – 20 प्रतिशत
ग्राम पंचायतों के माध्यम से वार्ड क्रियान्वयन एवं प्रबंधन समिति को उपलब्ध कराए गए राशि का प्रतिशत एवं अभिलेख संधारण – 20 प्रतिशत
बिहार शरीफ (नालंदा दर्पण)। राज्य विधिक सेवा प्राधिकार पटना के निर्देशानुसार वर्ष 2022 का चलंत लोक अदालत के लिए दिनांक 18 नवंबर 22 को अनुमंडल कार्यालय राजगीर में आयोजन किया गया।
इस अदालत में मुहम्मद हसमुद्दीन अंसारी, जिला एवम सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष और श्री संतोष कुमार गुप्ता अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश सप्तम सह प्रभारी सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकार नालंदा के निर्देशन में श्री देवेन्द्र प्रसाद केशरी, सेवानिर्वित प्रधान न्यायाधीश ने न्यायिक सदस्य के रूप में चलंत लोक अदालत के बेंच का संचालन किया गया।
इस अदालत में बैंक ऋण के 19 मामलों का निपटारा किया गया जिसमे समझौते की राशि लगभग 10 लाख रुपए थी। दाखिल खारिज के कुल 143 में, 107 Cr PC ke 35 , 144 Cr.P.C ke 33 मामले निपटाए गया। इसके अतरिक्त बैंक, बिजली बिल, पानी , आपदा प्रबंधन के 12 मामले भी निपटाए गए।
इस मौके पर चलंत लोक अदालत के बेंच पर प्रतिनियुक्ति गैर न्यायिक सदस्य के रूप में श्री चन्द्र भूषण झा और श्री राकेश कुमार उपस्थित थे।
बेंच में सहयोग के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सहायक मुहम्मद आतिफ, कौशल और पीएलवी के रूप में रवि कुमार ने सहयोग किया।
वहीं दिनांक 19 नवंबर 22 को चलंत लोक अदालत की कार्यवाही प्रखण्ड कार्यालय, हिलसा में आयोजित की जायेगी, जहां हिलसा अनुमंडल अंतर्गत सभी का निपटारा किया जायेगा। आम जनों को सुचित किया जाता है की वे अपने मामले के निपटारा के लिए उपस्थित रहे।
न्यूज डेस्क : देश में बुलेट ट्रेन का लंबे समय से इंतजार किया जा रहा है। हर कोई इसकी सवारी करने को इच्छुक है। ऐसे में बिहार वासियों के लिए अच्छी खबर है। बुलेट ट्रेन को लेकर बिहार में कार्य तेजी पर है। मिली जानकारी के मुताबिक दिल्ली- कोलकाता बुलेट ट्रेन बिहार के कई जिलों से होकर गुजरने वाली है। मालूम हो कि प्रदेश में अब तक 3 ठहराव तय कर लिए गए हैं। इन स्थानों पर स्टेशन निर्माण को लेकर कार्य शुरू किए जाएंगे। पटना के फुलवारी अथवा बीटा क्षेत्र में एक स्टेशन बनाया जाएगा।
पटना एम्स के नजदीक एक स्टेशन :
पटना एम्स के नजदीक एक स्टेशन : बता दें कि जगह को लेकर अभी अंतिम फैसला नहीं हुआ है। आधिकारिक सूत्रों का कहना है कि अगर बुलेट ट्रेन के लिए स्टेशन फूलबाड़ी शरीफ में बनता है तो पटना के लोगों को करीब 15 किमी और बिहटा में बनने पर करीब 25 किमी का सफर तय करना पड़ेगा ऐसे में पटना शहर के विस्तार और भविष्य की योजनाओं को ध्यान में रखते हुए स्थान तय किया जाएगा। वैसे उम्मीद की जा रही है कि पटना एम्स के आसपास बुलेट ट्रेन स्टेशन बनाने पर अंतिम फैसला लिया जा सकता है।
ड्रीम प्रोजेक्ट के तहत होगी तैयार :
ड्रीम प्रोजेक्ट के तहत होगी तैयार : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ड्रीम प्रोजेक्ट के तहत बनने जा रहा दिल्ली-हावड़ा कॉरिडोर पूरी तरह एलिवेटेड होगा. एलिवेटेड रेल सेक्शन की ऊंचाई लगभग दो मंजिला घर जितनी होगी। यह रेल खंड दिल्ली से वाराणसी, लखनऊ, बक्सर, पटना होते हुए हावड़ा तक बनेगा। बुलेट ट्रेन पटना और दिल्ली के बीच सिर्फ तीन जगहों पर रुकेगी. इधर, पटना के बाद ट्रेन गया के रास्ते हावड़ा पहुंचेगी।
बिहार में व्यापार और पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा :
बिहार में व्यापार और पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा : बुलेट ट्रेन परियोजना को लेकर पटना के सांसद रामकृपाल यादव ने कहा कि यह मोदी सरकार का संकल्प है। बिहार में इसके लिए तीन स्टेशन बनाए जा रहे हैं। हाई स्पीड ट्रेन के चलने से धार्मिक पर्यटकों का रुझान बिहार की ओर बढ़ेगा। बिहार चैंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष पीके अग्रवाल ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि बुलेट ट्रेन से बिहार में व्यापार और पर्यटन को काफी बढ़ावा मिलेगा। दूसरे राज्यों से लोग बिहार आएंगे। बहुत समय बचेगा। यह अच्छी बात है कि बिहार में तीन जगहों पर स्टेशन बन रहे हैं।
बिहार शरीफ (नालंदा दर्पण)। नालंदा जिलाधिकारी शशांक शुभंकर ने आज नगर निगम बिहारशरीफ में क्रियान्वित विभिन्न योजनाओं की समीक्षा की।
समीक्षोपरांत पाया गया कि हर घर नल का जल के तहत अमरूत योजना के फेज दो अंतर्गत नगर निगम क्षेत्र में 41 बोरिंग कराया गया है। लगभग 340 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन का कार्य कराया गया है। नगर क्षेत्र के 39524 घरों में पाइपलाइन कनेक्शन दिया गया है। 6 जल मीनार में से 5 क्रियाशील हो चुके हैं।
जिलाधिकारी ने पुराने नगर निगम क्षेत्र के बचे हुए घरों में पाइप लाइन कनेक्शन का कार्य तेजी से कराने तथा नव विस्तारित नगर निगम क्षेत्र के घरों में भी पाइपलाइन कनेक्शन देने हेतु कार्रवाई करने को कहा।
शहरी क्षेत्रों में हाउसिंग फॉर ऑल योजना के तहत नगर निगम क्षेत्र में 3956 घरों के निर्माण की स्वीकृति दी गई। जमीन की उपलब्धता के आधार पर 1234 लाभुकों को गृह निर्माण हेतु कार्य आदेश दिया गया है।
इनमें से 1183 लाभुकों को प्रथम क़िस्त, 1087 को द्वितीय किस्त तथा 697 लाभुकों को तृतीय किश्त की सम्पूर्ण राशि का भुगतान निर्माण कार्य की प्रगति के आधार पर किया गया है। अब तक 697 घरों का निर्माण पूर्ण हो चुका है। लाभुकों को लगभग 20 करोड़ 65 लाख रुपये का भुगतान किया गया है।
नगर निगम क्षेत्र में साफ-सफाई के बारे में बताया गया कि नाइट शिफ्ट में साफ सफाई का कार्य आउटसोर्सिंग एजेंसी के माध्यम से कराया जा रहा है। दिन में यह कार्य नगर निगम द्वारा दैनिक पारिश्रमिक के आधार पर सफाई कर्मियों द्वारा कराया जा रहा है।
सभी सफाई कर्मियों की बायोमेट्रिक हाजिरी पोर्टेबल बायोमैट्रिक डिवाइस के माध्यम से सुनिश्चित कराने हेतु कार्रवाई की जा रही है। सफाई कार्यों के लिए नगर निगम में 150 ट्राई साइकिल, 150 पुशकार्ट, 45 ऑटो टिपर, 12 ट्रैक्टर , 3 कॉम्पैक्टर,4 रोबोट,2 जेसीबी तथा एक सुपर सकर मशीन उपलब्ध है।
नगर निगम क्षेत्र में दो स्थलों पर शवदाह गृह के निर्माण के लिए भी कार्रवाई की जा रही है। वार्ड नंबर 23 के कोहनासराय में दो लकड़ी पर आधारित तथा एक विद्युत शवदाह गृह के निर्माण के लिए बिहार शहरी आधारभूत संरचना विकास निगम लिमिटेड के माध्यम से निविदा की कार्रवाई की जा रही है।
नगर निगम क्षेत्र अंतर्गत मौजा सलेमपुर 17 नंबर में भी दो लकड़ी आधारित तथा एक विद्युत शवदाह गृह के निर्माण के लिए कार्रवाई प्रक्रियाधीन है। अनापत्ति प्राप्त होते ही यहां भी कार्य प्रारंभ किया जाएगा।
नगर निगम में अनुकंपा के आधार पर नियुक्ति से संबंधित मामले के निष्पादन के लिए स्थापना उप समाहर्ता से मंतव्य प्राप्त कर विभागीय निर्देशानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
इस समीक्षा बैठक में नगर आयुक्त, उपनगर आयुक्त, सिटी मैनेजर एवं अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।